नई दिल्ली, June 9, (Political Insight): प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार के 12 साल पूरे होने पर भारतीय जनता पार्टी ने इसे “ऐतिहासिक सुशासन और विकास का दौर” बताया है। सरकार का दावा है कि इस अवधि में भारत ने नीति ठहराव से निकलकर निर्णायक शासन, तेज़ सुधार और सीधे लाभ पहुंचाने वाली व्यवस्था की दिशा में बड़ा बदलाव देखा है। भाजपा के अनुसार, इन 12 वर्षों में शासन व्यवस्था को पारदर्शी, डिजिटल और परिणाम आधारित बनाने पर फोकस किया गया, जिससे आम जनता तक योजनाओं का लाभ सीधे पहुंचा।
सरकार का दावा है कि 10 लाख करोड़ रुपये से अधिक की रुकी हुई परियोजनाओं को फिर से शुरू किया गया, जिससे देशभर में विकास कार्यों को गति मिली और रोजगार के अवसर बढ़े। जनधन योजना के तहत 56 करोड़ से अधिक बैंक खाते खोले गए, जिससे गरीब वर्ग को बैंकिंग सिस्टम से जोड़ा गया। डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए 2.5 लाख करोड़ रुपये से अधिक की लीकेज रोकने का दावा किया गया है। वहीं GST ने देश को एकीकृत बाजार में बदल दिया, जिससे टैक्स सिस्टम आसान हुआ और हर महीने औसतन 1.7 लाख करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व संग्रह दर्ज किया गया। स्वच्छ भारत अभियान के तहत 11 करोड़ से ज्यादा शौचालय बनाए गए।
कोविड काल में 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन देने का दावा किया गया है। आत्मनिर्भर भारत और PLI स्कीम्स से मैन्युफैक्चरिंग, मोबाइल उत्पादन और निर्यात में तेजी आई, जिसमें 1.9 लाख करोड़ रुपये से अधिक का मोबाइल एक्सपोर्ट शामिल है। राष्ट्रीय सुरक्षा के मोर्चे पर बालाकोट एयरस्ट्राइक, अनुच्छेद 370 हटाने और रक्षा आधुनिकीकरण जैसे कदमों को सरकार बड़ी उपलब्धि बता रही है। वहीं G20 अध्यक्षता, वैक्सीन मैत्री और वैश्विक साझेदारियों ने भारत की अंतरराष्ट्रीय स्थिति को मजबूत किया है।
सरकार का कहना है कि ये 12 साल “रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म” मॉडल पर आधारित रहे, जिसने भारत को एक उभरती वैश्विक शक्ति के रूप में स्थापित किया है।