नई दिल्ली, June 5, (Political Insight) : तमिलनाडु भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई को लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। एक ओर जहां उनके नए राजनीतिक आंदोलन शुरू करने की अटकलें लगाई जा रही हैं, वहीं दूसरी ओर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने आधिकारिक रूप से उनके इस्तीफे को स्वीकार करने की घोषणा कर दी है।
भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव एवं मुख्यालय प्रभारी अरुण सिंह द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने के. अन्नामलाई द्वारा पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से दिए गए इस्तीफे को स्वीकार कर लिया है। इसके साथ ही अन्नामलाई और भाजपा के रास्ते औपचारिक रूप से अलग हो गए हैं।
इससे पहले अन्नामलाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट साझा कर शुक्रवार दोपहर 12 बजे जनता से संवाद करने की घोषणा की थी। उन्होंने कहा था कि वह अपने विचार साझा करेंगे और भविष्य की दिशा पर खुलकर चर्चा करेंगे। इसके बाद से ही उनके अगले राजनीतिक कदम को लेकर अटकलें तेज हो गई थीं।
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, पूर्व आईपीएस अधिकारी अन्नामलाई तमिलनाडु के युवाओं की आकांक्षाओं को केंद्र में रखकर एक नए राजनीतिक आंदोलन की शुरुआत करने की तैयारी में हैं। यह भी कहा जा रहा है कि हाल के महीनों में राज्य भाजपा संगठन में उनकी भूमिका सीमित होने और AIADMK के साथ सीट बंटवारे को लेकर उनकी असहमति बढ़ी थी।
जानकारी के अनुसार, हाल ही में नई दिल्ली दौरे के दौरान अन्नामलाई ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से भी मुलाकात की थी। भाजपा नेतृत्व ने उन्हें पार्टी में बनाए रखने की कोशिश की, लेकिन अंततः उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया गया।
अन्नामलाई तमिलनाडु भाजपा के सबसे लोकप्रिय और आक्रामक नेताओं में गिने जाते रहे हैं। उनके नेतृत्व में भाजपा ने राज्य में अपनी राजनीतिक मौजूदगी को मजबूत करने का प्रयास किया था। अब उनके इस्तीफे के बाद तमिलनाडु की राजनीति में नए समीकरण बनने की संभावना जताई जा रही है और सभी की नजरें उनकी आगामी घोषणा पर टिकी हैं।