पटना, June 1, (Political Insight) : बिहार में पूर्व CM राबड़ी देवी के सरकारी आवास को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। राज्य सरकार की ओर से राबड़ी देवी को 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास 15 दिनों के भीतर खाली करने का नोटिस दिए जाने के बाद राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और विपक्षी दल सरकार पर हमलावर हैं। इस मुद्दे पर अब लालू परिवार के सदस्य भी खुलकर सामने आ गए हैं।
इसी क्रम में RJD नेता तेज प्रताप यादव ने बिहार सरकार पर निशाना साधते हुए पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का नाम लिया। उन्होंने कहा कि यदि सरकार नियमों का हवाला दे रही है, तो सबसे पहले नीतीश कुमार को अपने पूर्व मुख्यमंत्री कार्यकाल के दौरान मिले सरकारी आवास को खाली करना चाहिए। तेज प्रताप ने मांग की कि सरकार उन्हें भी 15 दिनों का अल्टीमेटम दे।
राबड़ी देवी के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव ने कहा कि जिस दिन नीतीश कुमार अपना सरकारी बंगला खाली कर देंगे, उसी दिन उनकी मां भी 10 सर्कुलर रोड स्थित आवास छोड़ देंगी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इस मामले में दोहरा मापदंड अपना रही है और राजनीतिक दुर्भावना के तहत कार्रवाई कर रही है।
दरअसल, पटना का 10 सर्कुलर रोड स्थित आवास लंबे समय से लालू परिवार का राजनीतिक और पारिवारिक केंद्र रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के नाम आवंटित यह बंगला वर्षों से परिवार के निवास और राजनीतिक गतिविधियों का प्रमुख केंद्र रहा है।
हालांकि, विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष होने के नाते राबड़ी देवी को 39 हार्डिंग रोड स्थित सरकारी आवास आवंटित किया गया है। दूसरी ओर, 10 सर्कुलर रोड स्थित बंगला बिहार सरकार में मंत्री नंदकिशोर राम को आवंटित किया गया है। बताया जा रहा है कि मंत्री जल्द ही इस आवास में शिफ्ट होना चाहते हैं, जिसके चलते राबड़ी देवी को 15 दिनों के भीतर बंगला खाली करने का निर्देश दिया गया है। इस पूरे घटनाक्रम ने बिहार की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है और आने वाले दिनों में यह मुद्दा और अधिक सियासी तूल पकड़ सकता है।