पटना, May 21, (Political Insight) : राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के नेता और बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बिहार सरकार पर युवाओं के साथ अन्याय और विश्वासघात करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि NDA सरकार चुनाव के दौरान किए गए एक करोड़ नौकरियां देने के वादे को भूल चुकी है। तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट साझा करते हुए लिखा कि बिहार का युवा लगातार अपनी मांग उठा रहा है और सरकार को उसके वादे याद दिला रहा है, लेकिन इसके बावजूद युवाओं पर अत्याचार किया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर TRE-4 परीक्षा की मांग करना अपराध कैसे हो सकता है। तेजस्वी यादव के इस बयान के बाद बिहार की सियासत में एक बार फिर रोजगार और शिक्षक भर्ती का मुद्दा गरमा गया है।
लाठीचार्ज बर्दाश्त नहीं
तेजस्वी यादव ने प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर लाठीचार्ज को लेकर भी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यदि सरकार को पुलिस का इस्तेमाल करने का इतना ही शौक है, तो उसे भ्रष्टाचार और अपराध रोकने में करना चाहिए। बिहार के युवाओं पर बार-बार लाठीचार्ज बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीयत वैकेंसी जारी करने की नहीं है और युवाओं की मांगों को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है।
17 महीने में दो लाख नियुक्तियां
RJD नेता ने दावा किया कि उनकी सरकार ने महज 17 महीनों में बिना पेपर लीक के दो चरणों की परीक्षा कराकर 2 लाख शिक्षकों की नियुक्ति की थी। इसके अलावा 1 लाख 30 हजार पदों पर बहाली प्रक्रिया भी शुरू कराई गई थी। उन्होंने कहा कि साल 2024-25 बीत गया, लोकसभा और विधानसभा चुनाव हो गए, राज्य में दो मुख्यमंत्री और चार उपमुख्यमंत्री सहित पूरा मंत्रिमंडल बदल गया। नई सरकार को बने छह महीने से अधिक समय हो चुका है, लेकिन अब तक TRE-4 की न तो अधिसूचना जारी हुई और न ही वैकेंसी निकाली गई।
‘शहजादों को बांटे जा रहे पद’
तेजस्वी यादव ने आगे आरोप लगाया कि एक तरफ बिहार सरकार युवाओं को लाठी-डंडों से पिटवा रही है, वहीं दूसरी ओर NDA नेताओं के “शहजादों” को बिना चुनाव लड़े सीधे मंत्री पद बांटे जा रहे हैं। उन्होंने CM सम्राट चौधरी पर निशाना साधते हुए कहा कि CM रील बनाने और बड़े-बड़े बयान देने में व्यस्त हैं, लेकिन सरकार को युवाओं की कोई चिंता नहीं है। उन्होंने कहा कि चुनाव से पहले युवाओं के सामने हाथ जोड़ने वाले नेता आज हक मांगने पर उन्हीं युवाओं पर लाठियां बरसा रहे हैं। बिहार का युवा इस “छल-कपट” को कभी नहीं भूलेगा।
बिहार के युवाओं के साथ अन्याय और विश्वासघात कर रही है NDA सरकार।
बिहार के युवा तो वहीं मांग रहे हैं, वही याद दिला रहे है जो एनडीए ने चुनाव पूर्व 1 करोड़ नौकरी का वादा किया था। फिर युवाओं पर अब ये अत्याचार क्यों? TRE-4 परीक्षा की मांग करना अपराध कैसे? पेपरलीक का विरोध करना गुनाह…
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) May 21, 2026