जम्मू:- फारूक अब्दुल्ला पर बुधवार देर रात जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान जानलेवा हमला किया गया। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की सतर्कता से बड़ा हादसा टल गया और वे बाल-बाल बच गए। पुलिस ने हमलावर को मौके से ही हिरासत में ले लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है।
पुलिस के अनुसार यह घटना ग्रेटर कैलाश,जम्मू स्थित रॉयल पार्क में आयोजित एक शादी समारोह के दौरान हुई। कार्यक्रम में फारूक अब्दुल्ला के अलावा जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री सुरेंद्र चौधरी सहित कई अन्य लोग भी मौजूद थे। इसी दौरान एक व्यक्ति अचानक उनके करीब पहुंचा और पिस्तौल से फायरिंग करने की कोशिश की। सुरक्षा में तैनात कर्मियों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए हमलावर को काबू में कर लिया और गोली ऊपर की ओर चली गई, जिससे कोई हताहत नहीं हुआ।
कौन है हमलावर?
पुलिस के मुताबिक आरोपी की पहचान कमल सिंह जमवाल के रूप में हुई है, जो जम्मू के पुरानी मंडी के इलाके का रहने वाला है। मीडिया रिर्पोटस में बताया जा रहा है कि उसका जन्म 1963 में हुआ था और ओल्ड सिटी क्षेत्र में उसकी कई दुकानें हैं। इन दुकानों से मिलने वाले किराए से ही वह अपना गुजारा करता है।
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने चौंकाने वाला दावा किया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार उसने कहा कि वह करीब 20 साल से फारूक अब्दुल्ला को मारने की योजना बना रहा था और यह उसका “व्यक्तिगत एजेंडा” था। जिस पिस्तौल से गोली चलाई गई, वह भी आरोपी की ही बताई जा रही है। पुलिस ने हथियार को जब्त कर लिया है और मामले की जांच जारी है।
चश्मदीदों ने क्या बतायाः-
शादी समारोह में मौजूद एक प्रत्यक्षदर्शी ने मीडिया को बताया कि यह समारोह नेशनल कॉन्फ्रेंस के लीगल सेल के अध्यक्ष की बेटी की शादी का था। उन्होंने कहा कि सभी लोग कार्यक्रम में बैठे हुए थे और तभी फारूक अब्दुल्ला वहां से जाने के लिए उठे, “उसी समय एक व्यक्ति अचानक उनके पीछे आया और रिवॉल्वर तान दी। तभी किसी ने उसे हटाया और गोली ऊपर की ओर चल गई।” उन्होंने दावा किया कि उस समय वहां पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नजर नहीं आ रही थी।
सुरक्षा में चूक पर उठे सवालः-
इस घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। जम्मू-कश्मीर सरकार में मंत्री सतीश शर्मा ने कहा कि पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और सभी लोग सुरक्षित हैं। उन्होंने इसे सुरक्षा में संभावित चूक बताते हुए कहा कि वरिष्ठ नेताओं को पर्याप्त सुरक्षा मिलनी चाहिए।
उमर अब्दुल्ला की प्रतिक्रियाः-
इस घटना के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा कि यह बेहद गंभीर मामला है और उनके पिता बड़े खतरे से बच गए। उन्होंने कहा, “अल्लाह रहमदिल है कि मेरे पिता सुरक्षित हैं। एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ उनके बेहद करीब पहुंच गया था और उसने नजदीक से गोली चला दी।”
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जब एक पूर्व मुख्यमंत्री और वरिष्ठ नेता को उच्च स्तर की सुरक्षा मिली हुई है, तो फिर कोई व्यक्ति इतनी नजदीक तक कैसे पहुंच गया।
फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हमले के पीछे कोई साजिश थी या यह पूरी तरह व्यक्तिगत कारणों से किया गया हमला था। सुरक्षा एजेंसियों ने भी घटना की जांच शुरू कर दी है।