चुनाव आयोग सख्त, की 1111 केंद्रीय पर्यवेक्षको की तैनाती

चुनाव आयोग सख्त, की 1111 केंद्रीय पर्यवेक्षको की तैनाती

नई दिल्ली:- विधानसभा चुनावों को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए निर्वाचन आयोग ने एक बड़ा कदम उठाया है। आयोग ने असम, केरल, पुद्दुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में होने वाले विधानसभा चुनावों तथा छह राज्यों में प्रस्तावित उपचुनावों के लिए कुल 1111 केंद्रीय पर्यवेक्षकों की तैनाती की है।

आयोग के अनुसार, इन पर्यवेक्षकों में 557 सामान्य पर्यवेक्षक, 188 पुलिस पर्यवेक्षक और 366 व्यय पर्यवेक्षक शामिल हैं। ये सभी अधिकारी चुनाव प्रक्रिया के विभिन्न पहलुओं पर नजर रखेंगे, जिनमें मतदान की निष्पक्षता, सुरक्षा व्यवस्था और चुनावी खर्च की निगरानी प्रमुख है।

CEC ज्ञानेश कुमार ने स्पष्ट किया कि आयोग का लक्ष्य चुनावों को पूरी तरह हिंसा-मुक्त और प्रलोभन-मुक्त वातावरण में संपन्न कराना है। उन्होंने कहा कि हर मतदाता को बिना किसी दबाव या भय के अपने मताधिकार का उपयोग करने का अवसर मिलना चाहिए।

निर्वाचन आयोग ने सभी नियुक्त पर्यवेक्षकों को निर्देश दिया है कि वे निर्धारित समयसीमा के भीतर अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों में पहुंचकर कार्यभार संभाल लें। ये पर्यवेक्षक स्थानीय प्रशासन और चुनाव अधिकारियों के साथ समन्वय कर मतदान की तैयारियों की समीक्षा करेंगे।

इसके अलावा, आयोग ने संवेदनशील और अति-संवेदनशील मतदान केंद्रों की विशेष निगरानी के निर्देश दिए हैं। डिजिटल निगरानी, वेबकास्टिंग और CCTV के माध्यम से कई बूथों पर नजर रखी जाएगी। चुनाव के दौरान आचार संहिता के सख्त पालन के साथ-साथ नकदी, शराब और अन्य प्रलोभनों के वितरण पर भी कड़ी निगरानी रखी जाएगी।

आयोग ने मतदाताओं से भी अपील की है कि वे किसी भी अनियमितता या दबाव की स्थिति में तुरंत शिकायत दर्ज कराएं, ताकि चुनाव प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष और विश्वसनीय बनाया जा सके।

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