श्रीलंका में चक्रवात दित्वा से भीषण तबाही हुई है। इस बीच भारत ने ‘ऑपरेशन सागरबंधु’ के अंतर्गत श्रीलंका को इस त्रासदी से उबरने के लिए सहायता सामग्री भेजी है। चक्रवात दित्वा से द्वीप में बाढ़ और भूस्खलन की कई घटनाएं दर्ज की गईं।
अधिकारियों के अनुसार इससे 390 लोगों के मारे जाने और तीन सौ 52 लोागों के लापता होने की खबर है। प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य जारी है। भारत के एसी 130 जे विमान के जरिए लगभग 10 टन चिकित्सा सहायता भेजी गई है। इसमें भीष्म मॉड्यूलर ट्रॉमा क्यूब और वायु सेना का चिकित्सा दल शामिल है। अभी तक मिली जानकारी के अनुसार यह कहा जा रहा हैं कि आईएनएस सुकन्या, श्रीलंका के पूर्वी प्रान्त में स्थित त्रिकोमाले पहुंचा। इसमें 12 टन आवश्यक सामग्री भेजी गई।
आपको बताते चले कि यह सभी राहत सामग्री PM मोदी के राष्ट्रपति दिसानायके से फोन पर हुई बातचीत के बाद भेजी जा रही हैं। इससे एक तरफ जहाँ भारत के द्विपक्षीय सम्बंधों को मजबूती मिलेगी नहीं दूसरी तरफ यह भारत के ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ भी भावना को भो दर्शाता हैं।