बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को हो रहा है। मंगलवार 4 नवंबर को शाम 5 बजे के बाद प्रचार बंद हो गया। अब जनसंपर्क का विकल्प रहेगा। चुनाव आयोग ने 16 सीटों और एक सीट के कुछ बूथों पर मतदान का समय घटाया है। पहले चरण के लिए 18 जिलों की 121 सीटों पर प्रचार का शोर थम गया। 6 नवंबर को होने वाले मतदान के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, ताकि शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित हो सके। कई दिग्गजों की किस्मत दांव पर है, जिसका फैसला जनता अपने मताधिकार का प्रयोग कर करेगी। अब नेता घर-घर जाकर अंतिम अपील करेंगे।
आखिरी दिन केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने तीन रैलियों को संबोधित किया, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पांच जनसभाएं कीं, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने एक रैली को संबोधित किया और एक रोड शो का नेतृत्व किया, जबकि लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने तीन सभाओं को संबोधित किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्य में भाजपा की महिला कार्यकर्ताओं से वर्चुअल माध्यम से बातचीत की, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कुछ सभाओं को संबोधित किया और राजद के तेजस्वी यादव ने दिन भर कई रैलियां कीं। आखिरी दिन प्रचार करने वाले अन्य नेताओं में असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी शामिल थीं। पहले चरण के लिए 18 जिलों की 121 सीटों पर नामांकन हुआ।
यह जिले हैं- मधेपुरा, सहरसा, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, गोपालगंज, सिवान, सारण, वैशाली, समस्तीपुर, बेगूसराय, खगड़िया, मुंगेर, लखीसराय, शेखपुरा, नालंदा, पटना, भोजपुर और बक्सर। इन 121 सीटों पर कुल 2496 नामांकन दाखिल हुए थे। जांच के क्रम में 1939 को वैध पाया गया। उनमें से 70 प्रत्याशियों ने नामांकन बाद में वापस ले लिया। इसके बाद, कई सेट में नामांकन की छंटनी करते हरेक प्रत्याशी के एक नामांकन को लिया गया तो प्रत्याशियों की कुल वास्तविक संख्या 1314 रह गई। कल सभी मतदान कर्मी ईवीएम-वीवीपैट आदि लेंगे और रात में मतदान केंद्र पर पहुंच भी जाएंगे, ताकि 6 नवंबर को सुबह 5 बजे से मॉक पोल कराने के बाद निर्धारित समय पर मतदान शुरू करा सकें। मतदान शुरू होने का समय आम तौर पर सुबह 7 बजे रखा गया है और वोटिंग खत्म होने का समय शाम 6 बजे है। कुछ सीटों पर यह समय 5 बजे शाम तक रखा गया है।