ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर अपने देश में भी भारत के ‘आधार कार्ड’ जैसा सिस्टम शुरू करना चाहते हैं। इसे लेकर उन्होंने कल मुंबई पहुंचकर सबसे पहले इन्फोसिस कंपनी के को-फाउंडर नंदन नीलेकणि से मुलाकात की। आधार प्रोग्राम शुरू करने में नंदन नीलेकणि की सबसे अहम भूमिका रही है। स्टार्मर ने कहा कि भारत का आधार प्रोग्राम बहुत सफल है और वे इससे सीखना चाहते हैं।
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर बुधवार को मुंबई पहुंचे। स्टार्मर के प्रवक्ता ने बताया कि नीलेकणी के साथ उनकी बैठक इंफोसिस के साथ किसी वाणिज्यिक समझौते के बारे में नहीं थी, बल्कि ब्रिटेन सरकार का लक्ष्य आधार योजना कि तर्ज पर अपना डिजिटल संस्करण तैयार करना है। आज पीएम नरेंद्र मोदी और यूके पीएम की मुलाकात हुई। ब्रिटिश पीएम बनने के बाद स्टार्मर की ये पहली भारत की यात्रा है। दोनों नेताओं ने मुलाकात के बाद एक संयुक्त बयान में जारी किया। पीएम मोदी ने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री स्टार्मर से मुलाकात के बाद कहा कि भारत और ब्रिटेन स्वाभाविक साझेदार हैं।
उन्होंने कहा कि भारत-ब्रिटेन साझेदारी वैश्विक स्थिरता और आर्थिक प्रगति के लिए महत्वपूर्ण आधार बन रही है।पीएम मोदी ने कहा कि प्रधानमंत्री स्टारर के नेतृत्व में भारत और ब्रिटेन के संबंधों में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। इसी जुलाई में, मेरी ब्रिटेन यात्रा के दौरान हमने ऐतिहासिक व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौते (CETA) पर हस्ताक्षर किए थे।इस दौरान ब्रिटेन-भारत में हल्की मल्टीरोल मिसाइल की सप्लाई पर एग्रीमेंट हो गया। स्टार्मर ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में भारत की स्थायी सदस्यता का भी समर्थन किया। उन्होंने यह भी कहा कि ब्रिटेन की 9 यूनिवर्सिटी भारत में कैंपस खोलेंगी। वहीं, PM मोदी ने कहा कि स्टार्मर के नेतृत्व में भारत और ब्रिटेन के रिश्तों में प्रगति हुई है।